पंचविंश अध्याय – विष्णुवर्द्धन | श्रीरामानुजाचार्य जीवन कथा
श्रीरामानुजाचार्य का चोल राज्य की सीमा पार कर बौद्ध राजा विठ्ठलदेव को वैष्णव धर्म में दीक्षित करना, व्याधों और भक्तों के मार्गदर्शन से यात्रा और भक्तग्राम की घटनाएं।
श्रीरामानुजाचार्य का चोल राज्य की सीमा पार कर बौद्ध राजा विठ्ठलदेव को वैष्णव धर्म में दीक्षित करना, व्याधों और भक्तों के मार्गदर्शन से यात्रा और भक्तग्राम की घटनाएं।
श्रीरामानुजाचार्य और उनके गुरु श्रीमहापूर्ण के बीच की घटना, शूद्र भक्त का दाह, चोल-राज्य की चुनौती, और कूरेश की अद्वितीय भक्ति का वर्णन।
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